Hindi Poetry

गृह प्रवेश

गृह प्रवेश

मृदंग की थाप नैवैद्य का थाल अगर की महक चन्दन की लहक प्रेम उन्मादित स्वर घंटिकाएं स्नेह आच्छादित स्वर्ण लतिकाएं गमकते केश महकते पुष्प दहकते नेत्र ममत्व स्वरूप अद्वितीय अनुभूति अलौकिक स्पर्श चिर प्रतीक्षित माँ सुमंगल गृह प्रवेश ! Anupama आप सबको अष्टमी पूजन व रामनवमी की शुभकामनाएं 🙂

by April 4, 2017 Hindi Poetry
अमरबेल

अमरबेल

I had written this poem two years ago, however, saw this scene again today. The Amarbel had enveloped not only a tree, but had also entangled a nearby building.. आज देखा मैंने एक अनोखा दृश्य पीला जाल सा था लिपटा पेड़ पर पहली नज़र में लगा खूबसूरत प्यार की बयार […]

by March 19, 2017 Hindi Poetry
सवाल

सवाल

सवालों के बवंडर मन को खंडहर बना दें तो… रेतीले तूफ़ान कोरों की नमी उड़ा दें तो.. रेशमी ख्वाब पोरों की नरमी भुला दें तो… ख़ामोश सहर दिल पर कहर बरपा दे तो…. तो… तो… कौन जाने सवाल ही सवाल हैं सारे जवाब तो खो गये सारे… Anupama

by March 16, 2017 Hindi Poetry
उत्सव

उत्सव

Published in Saurabh Darshan

by March 12, 2017 Hindi Poetry
आंसू

आंसू

कभी कभी अच्छा लगता है फूट फूट कर रो देना गरम आंसुओं का गालों पर ढुलकना होंठों को छू जाना चखे हैं मैंने खारे नहीं होते… Anupama

by March 9, 2017 Hindi Poetry
ऊंचा आसमां

ऊंचा आसमां

आसमां यकायक बहुत ऊंचा हो गया है दूर कहीं फलक पर सूरज चमक रहा है। बादल भी छितरे से हैं कहीं गहरे नीले तो कहीं धुंधलाए से सफेद जैसे स्याही की शीशी उड़ेल दी हो किसी अनाड़ी ने। क्षितिज पर लिखे अक्षर मिट से गए हैं क्या मालूम कभी कुछ […]

by March 5, 2017 Hindi Poetry, My Published Work
सनम

सनम

हौले से मैना मुस्काई कोयल भी ज़रा सी शर्माई तितली भंवरे फूलों से कहें आ फागुन के गीत हम मिलके बुनें आमों की कच्ची कलियां चुनें सेमल की पत्तियों को हम गिनें वो उड़ती चीलें अलबेली वो डरती सहमी गिलहरी हाथों में हाथ जो थाम लें हम छोड़ें न साथ […]

by March 5, 2017 Hindi Poetry
स्मृति चिन्ह

स्मृति चिन्ह

स्मृति चिन्ह हमेशा मीठे होते हैं कड़वी यादों के पल भी हल्की सी चीनी तो घोल ही जाते हैं रिश्तों में। याद कराते हैं न कि कैसे उन पलों को जिया था जब ज़िंदगी रूठी सी लगती थी अंधेरा छंटने का नाम ही न लेता था वो गुफा खाई की […]

by February 25, 2017 Hindi Poetry